• Car-Bike
  • पेट्रोल में 30 प्रतिशत तक एथेनॉल मिलाने की तैयारी

    देश में पेट्रोल का भारी संकट के बीच बढ़ते दामों से आम जनता परेशान है। तेल पर बढ़ते दमों से महंगाई आसमान को छू रही है, आम जनता त्राहीमाम कर रही है। अब सरकार पेट्रोल पर 30 प्रतिशत एथेनाॅल मिलाने की तैयारी कर रही है। तेल के संकट के बीच सरकार का बड़ा फैसला, पेट्रोल


    728 x 90 Advertisement
    728 x 90 Advertisement
    300 x 250 Advertisement

    देश में पेट्रोल का भारी संकट के बीच बढ़ते दामों से आम जनता परेशान है। तेल पर बढ़ते दमों से महंगाई आसमान को छू रही है, आम जनता त्राहीमाम कर रही है। अब सरकार पेट्रोल पर 30 प्रतिशत एथेनाॅल मिलाने की तैयारी कर रही है।

    PETROL

    तेल के संकट के बीच सरकार का बड़ा फैसला, पेट्रोल में 30 प्रतिशत तक एथेनॉल मिलाने की तैयारी, गाड़ी के इंजन और माइलेज पर क्या होगा असर?
    पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों और वेस्ट एशिया में जारी तनाव के बीच केंद्र सरकार ने पेट्रोल में 30 प्रतिशत तक एथेनॉल मिश्रण के लिए नए नोटिफिकेशन जारी कर दिए है। ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड्स ने 22, 25, 27 और 30 फ्यूल ब्लेंड के तकनीकी मानकों को नोटिफाई किया है। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि अभी देशभर में 30 पेट्रोल की बिक्री शुरू हो जाएगी।
    अभी 30 की बिक्री नहीं, सिर्फ तकनीकी तैयारी
    सरकार का यह नोटिफिकेशन फिलहाल केवल तकनीकी स्पेसिफिकेशन तय करती है, ताकि भविष्य में इन फ्यूल ब्लेंड्स को बाजार में उतारा जा सके। यानी अभी म् 30 पेट्रोल की अनिवार्य बिक्री नहीं होगी, लेकिन यह साफ संकेत है कि सरकार 20 प्रतिशत से आगे बढ़ने की तैयारी कर रही है।
    क्यों बढ़ रही है एथेनॉल ब्लेंडिंग पर जोर?
    इजरायल और ईरान तनाव के बीच कच्चे तेल की सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ी है। खासतौर पर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज, जहां से दुनिया की करीब 20 प्रतिशत तेल सप्लाई गुजरती है, वहां संकट की आशंका ने भारत जैसे आयात-निर्भर देशों को वैकल्पिक ऊर्जा विकल्पों पर फोकस बढ़ाने के लिए मजबूर किया है। ऐसे में एथेनॉल ब्लेंडिंग को ऊर्जा सुरक्षा का बड़ा हथियार माना जा रहा है।


    20 से आगे बढ़ने का संकेत
    सरकार पहले ही पेट्रोल में 20 प्रतिशत एथेनॉल मिश्रण का लक्ष्य 2030 से घटाकर 2025-26 कर चुकी है। अब 22, 25, 27 और 30 के मानक जारी होने से साफ है कि देश धीरे-धीरे हाई एथेनॉल ब्लेंडिंग की दिशा में बढ़ रहा है।
    20 फ्यूल को लेकर वाहन मालिकों की चिंता क्या है?
    पिछले कुछ समय से 20 फ्यूल को लेकर यह चिंता रही है कि इससे पुराने वाहनों की माइलेज और इंजन पर असर पड़ सकता है, जिससे मेंटेनेंस कॉस्ट बढ़ सकती ह।हालांकि पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने पहले कहा था कि 20 फ्यूल से इंजन फेल होने या बड़े तकनीकी नुकसान का कोई मामला सामने नहीं आया है।


    तेल आयात कम करने की बड़ी रणनीति
    इंडस्ट्री बॉडी और बायोफ्यूल कंपनियां लंबे समय से 22 और उससे ऊपर के ब्लेंड को बढ़ावा देने की मांग कर रही थीं। इसकी वजह है एथेनॉल की उपलब्धता बढ़ना और कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता कम करना। आने वाले समय में सरकार का यह कदम भारत की ऊर्जा सुरक्षा और ईंधन रणनीति में बड़ा बदलाव ला सकता है।

    728 x 90 Advertisement
    728 x 90 Advertisement
    300 x 250 Advertisement

    प्रतिमाह ₹.199/ - सहयोग कर नूतन चर्चा को आजद रखिये. हम आजाद है तो आवाज भी बुलंद और आजाद रहेगी . सारथी बनिए और हमें रफ़्तार दीजिए। सदस्यता लेने के लिए Support Us बटन पर क्लिक करें।

    Support us

    Ankita Sharma Avatar
    Ankita Sharma पिछले एक वर्ष से सक्रिय पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में कार्यरत हैं। कंटेंट राइटिंग, वेब मैनेजमेंट और न्यूज़ एडिटिंग का अनुभव रखती हैं। वर्ष 2025 में पत्रकारिता की शुरुआत की और तब से डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर कार्य कर रही हैं। खबरों को सरल, सटीक और प्रभावी तरीके से प्रस्तुत करने में विशेष रुचि रखती हैं। वर्तमान में Website Content Manager के पद पर Nutancharcha से जुड़ी हैं। राष्ट्रीय, सोशल, पॉलिटिकल और ट्रेंडिंग विषयों पर लेखन में विशेष दिलचस्पी है।
    ये आर्टिकल आपको कैसा लगा ? क्या आप अपनी कोई प्रतिक्रिया देना चाहेंगे ? आपका सुझाव और प्रतिक्रिया हमारे लिए महत्वपूर्ण है।
    728 x 90 Advertisement
    728 x 90 Advertisement
    300 x 250 Advertisement

    Related Stories

    728 x 90 Advertisement
    728 x 90 Advertisement
    300 x 250 Advertisement