पटना। भारत की जनगणना 2027 देश की 16वीं जनगणना है। यह पहली बार है जब जनगणना को पूरी तरह डिजिटल माध्यम से संचालित किया जा रहा है। इससे डेटा संग्रहण में पारदर्शिता, गति एवं सटीकता सुनिश्चित होगी।

भारत की जनगणना 2027 दो चरणों में संपन्न होगी
(1) हाउस लिस्टिंग ऑपरेशन (HLO): बिहार में हाउस लिस्टिंग ऑपरेशन 2 मई 2026 से 31 मई 2026 तक संचालित किया जाएगा। इस चरण में भवन एवं आवास की जानकारी, परिवार की आधारभूत जानकारी संग्रहित की जाएगी। इसमें कुल 33 प्रश्न शामिल हैं।
(2) जनसंख्या गणना (Population Enumeration – PE)
पटना जिला प्रशासन की तैयारियां
पटना जिला प्रशासन ने जनगणना 2027 के सफल क्रियान्वयन हेतु समयबद्ध एवं सुनियोजित तरीके से सभी तैयारियाँ पूरी की हैं।
(क) प्रशासनिक ढांचा
कुल चार्जः 40 (प्रखंड-23, नगर परिशद्-11, नगर पंचायत-05 एवं छावनी परिशद्, दानापुर-01)
कुल प्रगणकः 8695
कुल पर्यवेक्षकः 1468
कुल फील्ड ट्रेनरः 164
यह संरचना जनगणना कार्य को सुचारु रूप से संचालित करने में सहायक होगी।
पटना जिला प्रशासन द्वारा निम्नलिखित प्रमुख गतिविधियाँ निर्धारित समय पर पूर्ण की गई हैं:
19 जनवरी 2026
जिला जनगणना समन्वय समिति एवं जिला जनगणना कोशांग का गठन
03 फरवरी 2026
सभी प्रशासनिक इकाईयों में चार्ज अधिकारी नामित (अनुमंडल, प्रखंड एवं नगर निकाय स्तर पर)
11 से 16 मार्च 2026
जनगणना 2027 के प्रथम चरण (मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना) से संबंधित जिला/चार्ज स्तर के अधिकारियों एवं अन्य भासकीय सेवकों का प्रशिक्षण कार्यक्रम
23 से 30 मार्च 2026
जनगणना 2027 के प्रथम चरण (मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना) से संबंधित चार्ज स्तर के फील्ड ट्रेनरा का प्रशिक्षण कार्यक्रम
09 से 11 अप्रैल 2026
जनगणना 2027 के प्रथम चरण (मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना) से संबंधित चार्ज स्तर के तकनीकी सहायकों का प्रशिक्षण कार्यक्रम
13 से 24 अप्रैल 2026
जनगणना 2027 के प्रथम चरण (मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना) से संबंधित सभी चार्ज स्तर पर प्रगणकों एवं पर्यवेक्षकों का प्रशिक्षण कार्यक्रम जारी है।
17 अप्रैल 1 मई 2026
स्वयं गणना (Self Enumeration)
2 मई 31 मई 2026
जनगणना 2027 के प्रथम चरण (मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना)
फरवरी 2027
1 मार्च 2027
जनसंख्या गणना
संदर्भ तिथि
स्वयं गणना (Self Enumeration) की सुविधा
जनगणना 2027 में नागरिकों को पहली बार स्वयं गणना (Self Enumeration) की सुविधा प्रदान की गयी है। यह सुविधा 17 अप्रैल 2026 से 1 मई 2026 तक उपलब्ध रहेगी।
नागरिक स्वयं अपने परिवार से संबंधित जानकारी ऑनलाइन पोर्टल https://se.census.gov.in के माध्यम से दर्ज कर सकते हैं।
पंजीकरण के लिए मोबाइल नंबर आधारित प्रमाणीकरण का उपयोग किया जाएगा, जिससे एक सुरक्षित लॉगिन आईडी बनाई जाएगी।
इसके बाद, उपयोगकर्ता को अपने परिवार (हाउसहोल्ड) का विवरण दर्ज करना होगा, जिसमें घर के सभी सदस्यों की संख्या और उनकी मूल जानकारी शामिल होगी।
फिर प्रत्येक सदस्य से संबंधित विस्तृत जानकारी जैसे नाम, आयु, लिंग, वैवाहिक स्थिति, शिक्षा, व्यवसाय, भाषा, धर्म आदि सावधानीपूर्वक भरनी होगी। इसमें कुल 33 प्रश्न शामिल होते हैं।
जिला प्रशासन, पटना के द्वारा स्व-गणना की प्रक्रिया में पटना जिला के नागरिकों की सक्रिय सहभागिता सुनि िचत करने हेतु अपने पड़ोसियों / संबंधियों को भी स्व-गणना की प्रक्रिया में भी भाामिल होने का अनुरोध किया जाता है।
दिनांक-02.05.2026 से प्रारंभ हो रहे जनगणना के दौरान प्रगणक के रूप में विकास/प्रगति घर-घर आयेंगे और वे दी गई सूचनाओं का सत्यापन करेंगे। सूचनाएँ पूर्णतः गोपनीय रहेगी एवं किसी से साझा नहीं की जायेगी।
स्व-गणना के लाभ
नागरिकों की सक्रिय भागीदारी बढ़ती है
पारदर्शिता एवं विश्वसनीयता में वृद्धि
प्रशासनिक लागत एवं समय में कमी
डेटा संग्रहण में तेजी
डिजिटल गवर्नेस को बढ़ावा
जनगणना 2027 भारत के प्रशासनिक एवं डिजिटल विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह न केवल देश की वर्तमान स्थिति का सटीक आकलन करेगी, बल्कि भविष्य की योजनाओं एवं नीतियों के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
पटना जिला प्रशासन ने इस दिशा में उत्कृष्ट कार्य करते हुए सभी आवश्यक तैयारियाँ समय पर पूर्ण कर ली हैं। संगठित प्रयास, प्रशिक्षित मानव संसाधन एवं आधुनिक तकनीकी उपकरणों के माध्यम से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि जनगणना 2027 सफलतापूर्वक संपन्न हो।
इस प्रकार, जनगणना 2027 न केवल एक प्रशासनिक प्रक्रिया है, बल्कि यह भारत के समग्र विकास की आधारशिला भी है।










